जागरणसंवाददाताबठिडा:कभीकुछलोगअपनीनिजीसमस्याओंकेचलतेइतनेपरेशानहोजातेहैंकिउनकेमनमेंआत्महत्यातककरनेकेख्यालआनेलगतेहैं।आत्महत्याकेख्यालआनेपरजरूरीहैकिआपखुदकोसंभालेंऔरइसनकारात्मकविचारसेखुदकोदूरकरनेकीभरपूरकोशिशकरें।आत्महत्याकेमामलेबढ़रहेहैं।इनशब्दोंकाप्रकटावामनोरोगमाहिरडा.अरुणबंसलद्वाराकियागया।वहदैनिकजागरणकार्यालयमेंहेलोजागरणप्रोग्राममेंबतौरमेहमानआएहुएथे।डा.अरुणबंसलनेकहाकिपिछलेदिनोंमेंबठिडावइसकेआसपासकेक्षेत्रमेंखुदकुशीकीघटनाएंबढ़ीहैं।दोलोगोंनेतोअपनेपूरेपरिवारकोहीखत्मकरदिया।उन्होंनेकहाकिऐसेमेंलोगोंकोजागरुकहोनेकीजरूरतहै।उन्होंनेकहाकिआत्महत्याकेख्यालआनादोषनहींहैऔरइसकामतलबयहभीनहींहैकिआपपागलहैं,याकमजोरहैं।इसकाकेवलयहअर्थहैकिआपज्यादादर्दमेंहैं।होसकताहैआपकोलगरहाहोकियेदर्दआपकेसाथहमेशारहेगालेकिन,समयऔरसमर्थनकेसाथ,आपअपनीसमस्याओंकोदूरकरसकतेहैंऔरदर्दऔरआत्महत्याकीभावनाएंसेखुदकोपारलेजाएंगे।

ऐसेनिकलेंडिप्रेशनसे

डा.अरुणबंसलनेकहाकिआपकीअनुपस्थितिमित्रोंऔरप्रियजनोंकेजीवनमेंदुखऔरपीड़ापैदाकरतीहै।जबभीदिमागपरनकारात्मकबातेंहावीहोऔरआपकोलगेकिआपकाजीवनव्यर्थहैतोआपयहसोचेंकिकितनेलोगहैंजिन्हेंआपसेलगावहैं।उनकीजिदगीमेंआपकीअनुपस्थितिसेकितनादुखहोगा।

कईचीजेंहैं,जोआपअभीभीअपनेजीवनमेंपूराकरसकतेहैं।कभीभीऐसालगेकिआपकेपासजीवनमेंकरनेकेलिएकुछनहींहैतोयहसोचेंकिजिनचीजोंकोआपकरनाचाहतेथे।छोटी-छोटीचीजोंमेंखुशियांढूंढें।हरवोकामकरेंजिससेआपकोखुशीमिले।जीवनमेंढेरसारीजगहें,अनुभवहैं,जोआपकोखुशकरनेकीक्षमतारखतेहैं।आपकोइनचीजोंसेखुदकोजोड़ेरखनाहोगा।जबभीदिमागमेंनकारात्मकताहावीहोतोउनसभीपलोंकेबारेमेंसोचेंजिनमेंआपकोखुशीमिलीहो।आत्महत्याकाख्यालआनाएकतरहकीमानसिकसमस्याहै।आपयहनसमझेंकियहदर्दकभीखत्मनहींहोसकता,इससमस्यासेनिकलनेकेलिएहमेशाअपनेघरवालोंकेसाथरहेंऔरज्यादासेज्यादासमयउन्हींकेसाथबिताएं।

सवाल-आनलाइनपढ़ाईहोनेकेकारणबच्चेमोबाइलकाज्यादाइस्तेमालकरनेलगेहैं।ऐसेमेंउनकोमोबाइलसेनेगेटिवविचारआसकतेहैं?

जवाब-बच्चोंकासक्रीनटाइमघटनाचाहिए।बच्चोंकोमोबाइलतभीदेंजबउनकीआनलाइनपढ़ाईकीक्लासहो।बच्चोंकोमोबाइलफोनपरगेमयावायलेंटकंटेंटनहींदेखनेदेनाचाहिए,यहबच्चोंपरगहराबसरकरतेहैं।बच्चोंकोमोबाइलसेहटाकरशारीरिकएक्टिविटी,सैर,जिम,संगीतयाएरोबिक्समेंलगानाचाहिए।

राजविदरसिंहसवाल-मेराबेटा13सालकाहै।मानसिकदिव्यांगहोनेकेकारणउसकोगुस्साबहुतआताहै।क्याकरें?

सोनूबठिडाजवाब-सबसेपहलेउसकाआईक्यूटेस्टकरानाहोगा।इससेउसकेबारेमेंसहीतरहसेडायगनाजहोपाएगा।आपकिसीभीकामवालेदिनसरकारीअस्पतालकीओपीडीमेंकमरानंबर5मेंमुझेमिलसकतेहैं।

सवाल-मेराभाईनशोंकाआदीहै।वहकईबारवायलेंटहोजाताहै।उसकाकोईसमाधानबताएं?

गुरसोहनसिंहजवाब-सरकारीरीहेबलिटेशनसेंटरखुलगयाहै।आपउसकोबिनाकिसीफीसकेवहांपरभर्तीकरासकतेहैं।वहांपरउसकामुफ्तउपचारकरनेकेसाथसाथउनकोरहनेवखानेकाभीमुफ्तसुविधादीजाएगी।

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By Elliott