जागरणसंवाददाता,चित्रकूट:बुंदेलखंडकेगांवोंकीपहचानफागटोलियांऔरहुरियारेसमयकेसाथगायबहोगएहैं।बुंदेलीफागऔरछतरपुरीआल्हाकीछटानदारदहोचुकीहै।इसकेपीछेलगातारपुरानीपरंपराओंकोछोड़नावजहहै।लोगकंडेकीहोलिकादहनसेलेकरबाकीपरंपराओंकोभूलकरआधुनिकतामेंसोशलमीडियापरसीमितहोगएहैं।गांव-गांवशामकोलोगभीनिकलतेथेलेकिनअबसमयसिर्फइंतजारमेंकटताहै।14जिलोंकीहोतीथीफागगायकी

बुंदेलखंडयूपीऔरएमपीसीमाओंमेंबंटाहै।इसमेंसातजिलेयूपीकेहैंजबकिबाकीमध्यप्रदेशकेशामिलहैं।इनजिलोंकेफागगानेवालेअलग-अलगगांवोंमेंबुलाएजातेथे।जमींदारीप्रथातकइनकाबड़ाबोलबालारहा।इसकेबादभीग्रामीणइलाकोंमेंइनकीपूछहोतीरहीलेकिनआधुनिकपरिवेशमेंलोगदूसरेजिलोंमेंकामकाजकीतलाशमेंचलेगए।इसलिएअबइनकाजमावड़ानहींलगताहै।कंडोंकीहोलीकेलिएविशेषज्ञभीजुटे

जिलेमेंकंडेकीहोलिकाजलानेकेलिएअबविशेषज्ञभीआगेबढ़ेहैं।महात्मागांधीचित्रकूटग्रामोदयविश्वविद्यालयसेलेकरबाकीपर्यावरणविदलोगोंकोकंडेकीहोलिकाजलानेकोलेकरजानकारीदेरहेहैं।गांवोंमेंइससेजागरूकताबढ़ीहै।लोगोंकानजरिया

कंडेकीहोलीजलानेकाअभियानसराहनीयहै।इससेजंगलोंमेंहरेपेड़ोंकीकटानपरप्रभावीरोगलगेगी।पर्यावरणभीसंतुलितरहेगा।लोगोंकोजागरूककरनेकेप्रयासमेंजुटेहैं।इससेलोगभीआगेबढ़रहेहैं।

-ठाकुरनागेंद्र,मानिकपुर।बचपनसेलेकरकईसालतकफागकीटोलियांदेखीं।अबभीग्रामीणइलाकोंमेंफागगानेवालेनिकलतेहैं।हुरियारेभीरहतेहैं।हालांकिअबधीरे-धीरेइनमेंभीकमीआरहीहै।

-छोटेलालकोल,सरहट।

By Douglas