पानीपत,[रविधवन]। जम्मू-कश्मीरऔरलद्दाखकेयुवासुखदराहपरचलपड़ेहैं।देश-दुनियाकीकंपनियोंसेजुड़रहेहैं।शुरुआतमेंहीपांचसेपंद्रहलाखसालानावेतनलेरहेहैं।येबदलावआयाहैप्राइममिनिस्टरस्पेशलस्कालरशिपस्कीम(पीएमएसएसएस)कीवजहसे।हरियाणाकेपानीपतकेकालेजमेंजम्मू-कश्मीरऔरलद्दाखके31युवापढ़रहेहैं।नौकीनौकरीलगचुकीहै।इन्हींमेंएकहैदुरइशहवारशहवार।कहतीहैं,उन्होंनेमहसूसकियाकियुवाओंकीसोचबदलरहीहै।उन्हेंदेशकेअलग-अलगहिस्सोंमेंबिनाशुल्कदिएपढ़ाईकाअवसरमिलरहाहै।अबनौकरीभीमिलगईहै।

इसीतरहहसनकहतेहैं,जम्मू-कश्मीरअबबदलरहाहै।देशकेसाथआगेबढ़रहाहै।युवाओंकोपढ़नेकाअवसरमिलातोउन्होंनेअपनीकाबिलियतदिखाई।हालहीमेंपानीपतइंस्टीट्यूटआफइंजीनियरिंगएंडटेक्नालोजी(पाइट)कालेजमेंपहुंचेआलइंडियाकाउंसिलफोरटेक्नीकलएजुकेशन(एआइसीटीई)सेप्रोफेसरडा.अजीतअंगरालनेसभीछात्र-छात्राओंसेबातचीतकी।

पढ़ूंगी,जेएंडकेकोबदलनेजाऊंगी

कठुआकेगांवकोंगबिलावरकीरुकसानाअख्तरबीटेककररहीहैं।12वींमें95प्रतिशतअंकहासिलकिए।पिताफारुखहुसैनकिसानहैं।मजदूरीभीकरतेहैं।मांसमीनाबेगमघरसंभालतीहैं।तीनभाई-बहनोंमेंबड़ीरुकसानाकहतीहैं,पहलेपढ़ूंगी।कंप्यूटरसाइंसमेंहीआगेबढ़ूंगी।जम्मू-कश्मीरमेंअगरनौकरीमिलीतोसबसेपहलेवहींजाऊंगी।पीएमएसएसएसकेफार्मभरेजारहेथेतोघरमेंबातकी।मांनेसबसेपहलेकहा,बेटाखूबपढ़ो।क्योंकिपढ़ाईसेहीसबठीकहोगा।हमारेगांवमेंपहलेआतंकवादकीबातेंहोतीथीं।लेकिनअबमाहौलएकदमबदलरहाहै।ऐसालगाहैकिनयाजम्मू-कश्मीरहै।

कश्मीरमेंरियलएस्टेटबिजनेसबढ़सकताहै

कश्मीरकेकुपवाड़ाकेगांवहंडवाराकेरहनेवालेतंजीलनेसिविलइंजीनियरिंगकी।गोदरेजकंपनीमेंपांचलाखकापैकेजमिला।इसकेबादअबनोएडाकीएटीएसरियलएस्टेटकंपनीमेंकामकररहेहैं।जागरणसेबातचीतमेंतंजीलनेकहा,जिनकेपाससाधननहींहै,उनकेलिएपीएमएसएसएसकिसीनेमतसेकमनहींहै।अबतोकश्मीरमेंहालातबदलतेदिखरहेहैं।मैंरियलएस्टेटकंपनीमेंहूं।आनेवालेपांचवर्षमेंयहांकईकंपनियांनिवेशकरनेजारहीहैं।मैंकश्मीरमेंहीकामकरनाचाहूंगा।एजुकेशनक्लबकश्मीरभीबनायाहै,जिसमेंबच्चोंकोप्रतियोगीपरीक्षाओंकेबारेमेंजागरूककियाजाताहै।1400बच्चोंकामाकटेस्टकरायाथा।

लड़कियोंकोमिलरहेअबअवसर

श्रीनगरसिटीकीरहनेवालीहैंदुरइशहवारशहवार।बायजूसमेंरिक्रूटमेंटदेखतीहैं।इनकाभीपीएमएसएसएसमेंचयनहुआ।इलेक्ट्रानिक्सएंडकम्युनिकेशनमेंबीटेककरनेकेबादथिंकएंडलर्नकंपनीमेंचयनहुआ।अबबायजूसमेंहैं।दुरइकहतीहैंकिलड़कियोंकेलिएयहयोजनाजीवनबदलनेवालीहै।अबतोशहरसेलेकरगांवतकइसकीचर्चाहै।पढ़-लिखकरअच्छेनंबरआएंगेतोदेशकेबड़ेकालेजोंमेंइंजीनियरिंगकरनेकाअवसरमिलसकताहै।युवाओंकोअवसरमिलरहेहैंतोहालाततोनिश्चितरूपसेबदलेंगेही।बदलभीरहेहैं।

अबगांवोंसेनिकलरहेबच्चे

पाइटकेवाइसचेयरमैनराकेशतायलनेजागरणसेबातचीतमेंकहाकिपहलेशहरोंसेबच्चेआतेथे।लेकिनकेंद्रसरकारनेअबगांवोंमेंभीफोकसकियाहै।लड़कियांपढ़नेकेलिएआरहीहैं।इनबच्चोंकोपूरीफीससेलेकरहोस्टलमेंरहनेकाखर्चदियाजाताहै।जम्मू-कश्मीरऔरलद्दाखकेयुवाबड़ीकंपनियोंसेजुड़रहेहैं।पढ़-लिखकरदोबारासेवहींजाकरअपनेप्रदेशकाविकासकरनेकीभीइच्छारखतेहैं।यहपीएमएसएसएसकीबड़ीसफलताहै।

पांचहजारबच्चोंकोमिलतीहैस्कालरशिप

जम्मू-कश्मीरऔरलद्दाखसेबाहरपढ़नेकेलिएभेजाजाताहै।इनकेलिएशुरूकीहैपीएमएसएस।पांचहजारबच्चोंकोहरसालस्कालरशिपमिलतीहै।इनमेंसे2017बच्चोंकोजनरलडिग्रीकोर्सऔर2830बच्चोंकोप्रोफेशनल-इंजीनियरिंगकोर्सकेलिएमदददीजातीहै।सौबच्चोंकोमेडिकलकीपढ़ाईकराईजातीहै।जनरलडिग्रीकेलिएतीसहजारहरसालदिएजातेहैं।इंजीनियरिंगकेलिएसवालाखऔरमेडिकलडिग्रीकेलिएतीनलाखरुपयेसालानादिएजातेहैं।अन्यखर्चेकेलिएतीनोंहीकोर्समेंएकलाखरुपयेअतिरिक्तदिएजातेहैं।अगरआनलाइनपढ़ाईकरतेहैंबीसहजाररुपयेप्रतिसेमेस्टरदिएजातेहैं।आवेदनजम्मू-कश्मीरऔरलद्दाखकाहीरहनेवालाहो।परिवारकीआयआठलाखयाइससेकमहो।

By Duffy