कांगड़ा,नवनीतशर्मा।यहीदिनथेऔरयहीमौसमथाजबबीतेवर्षलॉकडाउनशब्दजनजीवनकोनियंत्रितकरनेलगाथा।वेअसुरक्षितमहसूसकरनेकेदिनथे।सबकुछअप्रत्याशितथा।वर्ष2020नेअभीठीकसेआंखेंखोलीहीथीकिलॉकडाउनकेसाथशारीरिकदूरी,कंटेनमेंटजोन,कफ्र्य,क्वारंटाइन,इंस्टीट्यूशनलक्वारंटाइनऔरसैनिटाइजरजैसेशब्दडरानेलगेथे।एकवर्षकेअनुभववास्तवमेंनकारात्मकताऔरसकारात्मकताकामिश्रणहैं।अबअगरसवालयहहोकिक्यासीखा?इसकाउत्तरकोईएकपक्षीयनहींहोसकता।जिंदगीकीआसमेंघरजातेकामगारअबभीभुलाएनहींबनते।संक्रमितकेसाथशारीरिकदूरीरखनीथी,लेकिनवेसामाजिकदूरीकेशिकारभीहुए।

अच्छापक्षयहरहाकिप्रकृतिनेकुछदिनअपनाअसलीरंगदिखाया।मानवताकेहकमेंअनगिनतहाथउठे।कोईभूखानसोएइसकेलिएसामूहिकपहलहुईं।इसबीचसरकारीपत्रोंमेंआएनिर्देशऔरएकजैसीभाषाभीपढ़नेकोमिली।जीवनशैलीबदलगई।हाथधोनेजैसाआधारभूतकामबड़ाकामबनगया।डिजिटलइंडियानिरंतरदौड़तारहा।हिमाचलप्रदेशमेंएकसालमेंकुछकामभरपूरहुएहैं।एकयहकिअपनीजिसपुश्तैनीअथवास्वयंअर्जतिकीगईभूमिकीतरफकोईदेखतानहींथा,उसकेदिनबहुरेहैं।निर्माणभीहुआ।अधिकांशरसोईघरोंमेंस्वयंउगाईहुईसब्जियोंकीहरियालीबढ़ीऔरजिंदगीकोचलाएरखनेकेलिएनएप्रयासहुए।

अबएकसालबीतचुकाहैतोदेशमेंकोरोनाकेमामलेफिरसेबढ़नेलगेहैं।कोरोनाकिसमर्जकानामहैइसकापूरापतानतबथाऔरनअबहै,इसलिएकभीकेरलमॉडलबना,कभीहिमाचल,लेकिनजोमॉडलबनेवहांजबमामलेबढ़नेलगेतोदूसरेराज्यमॉडलबने।कोईस्थायीमॉडलनहींबनपाया।अबमहाराष्ट्र,पंजाबहीनहीं,अबहिमाचलप्रदेशमेंभीमामलेबढ़नेलगेहैं,देशमेंभीकोरोनासंक्रमितोंकीसंख्यामेंवृद्धिहुईहै।कभीइंग्लैंडसेआएकोरोनाकेप्रकारनेडरायाऔरकभीविज्ञानियोंनेकहाकिकोरोनाके500प्रकारहैं।कुछविद्वानोंनेयहभीकहाकिकोरोनाकुछनहींहै,यहसाजिशहै।हरभारतीयकेलिएगर्वकाविषययहहैकिदेशकेविज्ञानियोंनेवैक्सीनकीखोजकरली।

जानहैतोजहानहैकेबादजानभीजहानभीकोअपनाया,लेकिनजिसप्रकारकाप्रमादकुछआधारभूतबातोंकेप्रतिदेखनेमेंआया,वहअबभीजारीहै।इसलिएजारीहै,क्योंकिशारीरिकदूरीकेलिएकोईस्थाननहींबचाहै,मास्कअबदिखावेकायाचालानसेबचनेकाउपकरणहोकररहगयाहै।दूरीकेनियमोंकोशीर्षस्थानोंसेलेकरआमस्थानोंपरभीध्वस्तहोतेदेखाजासकताहै।दूरीकेमानकबाजारोंयामेलोंमेंहीताकपरनहींरखेगए,अपितुगतमाहहिमाचलप्रदेशविधानसभाकेप्रांगणमेंभीटूटतेदेखेगएथेजहांकतिपयलोगोंकेनिशानेपरराज्यपालथे।पानीअगरऊपरसेबहताहैयानजीरकाकोईअर्थहोताहैतोवहअबचारनगरनिगमोंकीचुनावप्रक्रियामेंभीदिखाईदेनाचाहिए।आखिर,जानहैतोजहानहैकोक्योंभुलायाजाए।

एकअप्रैलसे45सालसेऊपरकीआयुवालेसभीलोगपात्रहोंगे।हिमाचलप्रदेशउनराज्योंमेंहैजहांवैक्सीनकेखराबहोनेकीदरबेहदकमहै।आवश्यकयहहैकिवैक्सीनसबलोगोंतकजाए।आखिरकारसुरक्षाचक्रजितनाबड़ाहोगा,उतनाहीबेहतरहोगा।लेकिनवैक्सीनकाप्रभाव,हरव्यक्तिकेशरीरऔरप्रतिरोधकक्षमताकेअनुरूपहोगा।चिकित्साविज्ञानीकहचुकेहैंकिटीकालगनेकेछहमाहतकप्रतिरोधकक्षमतापूरीतरहबनसकतीहै।यहसोचनागलतहैकिवैक्सीनलेलीहैतोअबमास्कपहननेकीजरूरतहैऔरनशारीरिकदूरीकेपालनकी।यहसोचनाभीगलतहैकिअबहाथधोनेसेभीहाथधोलिएजाएं।

जोलोगलॉकडाउनमेंबचावकारास्तादेखरहेहैं,वेवास्तवमेंदेशकीआíथकीकेबारेमेंनहींसोचरहेहैं।हरव्यक्तिअनुशासितजीवनशैलीअपनाएतोलॉकडाउनकीजरूरतनहींरहेगी।आर्थिकगतिविधियांबड़ीकठिनाईसेपटरीपरआरहीहैं,उन्हेंरोकनादेशकोपीछेलेजानाहै।जिन्हेंवैक्सीनमिलगईहैऔरजिन्हेंनहींमिलीहै,दोनोंसेआग्रहहैकिकोरोनाकेसंदर्भमेंछोटीबातोंकाध्यानरखनाभूखकाहलभीकरसकताहैऔरमहामारीसेभीबचाएरखसकताहै।इशरतआफरींकाएकशेरइसकालमेंप्रसिद्धहुआथाजिसकासारथाकिभूखसेयावबासेमरनाहै/फैसलाआदमीकोकरनाहै।बीतेसालकेसबकऔरइससालकोदेखकरअबतोयहचाहिए:

भूखसेयावबासेक्योंमरिए

अपनीआदतसुधारिएसाहब।

[राज्यसंपादक,हिमाचलप्रदेश]