जागरणसंवाददाता,बलिया।मानसूनआतेहीकिसानोंकेचेहरेखिलजातेहैं।खेतोंमेंहरियालीदिखाईदेनेलगतीहै।किसानजी-जानसेखेतीमेंजुटजातेहैं।कभी-कभारएकझटकेमेंसबकुछबदलजाताहै।वज्रपातकीघटनाओंमेंकईपरिवारोंकासहाराछिनजाताहै।ऐसेमेंथोड़ीसीसावधानीजानबचासकतीहै।मोबाइलसेदामिनीएपडाउनलोडकरइसआपदासेबचाजासकताहै,इसकेलिएकिसानोंकोजागरूककियाजाएगा।अभीबहुतकमसंख्यामेंकिसानोंकोइसकेबारेमेंजानकारीहै।बिजलीगिरनेकीघटनाओंमेंकिसानोंकेसाथपशुओंकीभीजानचलीजातीहै।

आइआइटीएमनेकियाथाविकसित:इंडियनइंस्टीट्यूटआफट्रापिकलमेटीरिओलाजी(आइआइटीएम)पुणेनेकुछवर्षोंपहलेदामिनीएपविकसितकियाथा।एंड्रायडफोनपरगूगलप्लेस्टोरसेइसेडाउनलोडकरसकतेहैं।

ऐसेकामकरताहैएप: एपखोलनेपरव्यक्तिजिसलोकेशनपरहै,वहांकानक्शादिखानेवालासर्किलआताहै।यह20किलोमीटरकेव्यासमेंअगले30-40मिनटमेंवज्रपातसंबंधीचेतावनीदेताहै।एपयहभीबताताहैकिकिसतरहसेसुरक्षाऔरप्राथमिकउपचारकरें।खेतमेंकार्यकेदौरान,यात्रामें,घरकेआसपासयदिबिजलीगिरनेकीचेतावनीमिलेतोकैसेबचावकरनाहै,इसकीजानकारीतस्वीरोंकेसाथदीजातीहै।

बोलेअधिकारी: दामिनीएपकेजरिएआपदासेबचावकियाजासकताहै।किसानोंकोजागरूककियाजाएगा।किसानभाईमोबाइलसेएपडाउनलोडकरखुदऔरदूसरोंकोसुरक्षितरखसकतेहैं।--प्रो.रविप्रकाशमौर्य,अध्यक्ष,कृृषिविज्ञानकेंद्र,सोहांव।

By Farmer