वीरभान¨सह,मैनपुरी:'परहितसरिसधर्मनहींभाई,परपीड़ासमनहींअधमाई'इनशब्दोंमेंछिपेसारकोशहरकेमुहल्लाअग्रवालनिवासीडॉ.वीपी¨सहभलीभांतिसमझचुकेहैं।शायदयहीवजहहैकिअपनीकमाईकाएकहिस्साउन्होंनेदिव्यांगबच्चोंकेइलाजकेनामकररखाहै।दिव्यांगबच्चोंकाउपचारकरउन्हेंनिश्शुल्कदवादेनेकाकामअबउनकीदिनचर्यामेंशामिलहोगयाहै।

डॉ.वीपी¨सहपेशेसेचिकित्सकहैं।मगर,विशिष्टआवश्यकतावालेबच्चोंकेप्रतिउनकीआस्थाउन्हेंदिन-ब-दिनउनकेकरीबलातीरही।उन्होंनेचिकित्साक्षेत्रकीबीईएमएसडिग्रीकेसाथहीस्पेशलबीएडभीकिया।यहसेवाभावनाकाहीप्रतिफलरहाजोशासनस्तरसेउन्हेंएक्सीलेरेटेडलर्निंगकैंपमेंरहनेवालेबच्चोंकीजिम्मेदारीसौंपदीगई।वर्ष2008सेवेबतौरविशेषअध्यापक(मानसिक,मंदबुद्धि)कैंपमेंअपनीसेवाएंदेरहेहैं।बच्चोंकोपढ़ानेकीउनपरजिम्मेदारीहै।लेकिनवेअपनेचिकित्सकधर्मसेदूरनहींरहपाए।

सप्ताहमेंदोबारकैंपमेंरहनेवालेविशेषआवश्यकतावालेबच्चोंकेउपचारकोशिविरलगातेहैं।शिविरमेंस्वास्थ्यपरीक्षणकेसाथबच्चोंकोसर्दी,जुकाम,बुखार,खुजलीआदिकेलिएनिश्शुल्कदवाएंऔरमरहमखुदअपनेपाससेउपलब्धकरातेहैं।वहकहतेहैंकिसरकारउन्हेंविशेषअध्यापककेरूपमं15हजाररुपयेकामानदेयदेतीहै।इसमेंसेवहपांचहजाररुपयेदिव्यांगबच्चोंऔरदूसरेजरूरतमंदोंकेउपचारपरहरमाहखर्चकरतेहैं।अध्यापनकार्यकेबादजोअतिरिक्तसमयबचताहै,उसीमेंबच्चोंकास्वास्थ्यपरीक्षणकरउनकीसेहतकाख्यालरखतेहैं।इसकार्यमेंउनकीपत्नीनीलमऔरदोपुत्रभीबराबरसहयोगकरतेहैं।

बच्चोंकोरहताहैचिकित्सककाइंतजार

जिलासमन्वयकसमेकितशिक्षारणधीरबहादुर¨सहकाकहनाहैकिएक्सीलेरेटेडलर्निंगकैंपमेंपिछलेकईवर्षोंसेडॉ.वीपी¨सहदिव्यांगबच्चोंकेउपचारकेलिएअपनीसेवादेरहेहैं।इसकेलिएउन्होंनेकोईअतिरिक्तमांगभीनहींकी।स्थितियहहैकिकैंपमेंरहरहेदिव्यांगबच्चोंकोसप्ताहमेंबुधवारऔररविवारकोचिकित्सककेआनेकाइंतजाररहताहै।दोपहरकाभोजनकरनेकेबादबच्चेस्वयंहीअपनी-अपनीबीमारियोंकीदवालेनेकेलिएआतुरनजरआतेहैं।