जागरणसंवाददाता,शिमला:आइजीएमसीकीफ्लूओपीडीकेबाहरइनदिनोंकोरोनाटेस्टिगकेलिएभीड़जुटरहीहै।सुबहसेलेकरदोपहरतकओपीडीकेबाहरटेस्टिगकरवानेकेलिएकतारेंलगरहीहैं।मरीजोंकोटेस्टिगकेलिएकाफीदेरइंतजारकरनापड़रहाहै।

अस्पतालमेंडेंटलवएमबीबीएसप्रशिक्षुकोरोनाटेस्टकरवानेपहुंचरहेहैं।इसलिएओपीडीकेबाहरभीड़जुटरहीहै।हालांकिसंक्रमणकेडरसेमरीजसतर्कताबरततेहुएशारीरिकदूरीकेनियमकीपालनाकररहेहैं।

फ्लूओपीडीमेंआरटीपीसीआरतरीकेसेकोरोनाटेस्टिगहोतीहै।इसलिएएकमरीजकासैंपललेनेमेंदोसेचारमिनटलगतेहैं।नेशनलमेडिकलकाउंसिलकीसिफारिशपरडेंटलवमेडिकलकॉलेजखोलदिएगएहैं।पिछलेएकदिसंबरसेप्रशिक्षुकॉलेजपहुंचरहेहैं।कक्षाओंमेंआनेसेपहलेकॉलेजप्रशासनकीओरसेप्रशिक्षुओंको72घंटेकेभीतरकीकोरोनानेगेटिवरिपोर्टमंगवाईजारहीहै।मार्चकेबादकरीबआठमाहबादशिमलामेंमेडिकलवडेंटलकॉलेजखुलेहैं।

मरीजोंकोदीजारहीप्राथमिकता

अस्पतालएमएसडॉक्टरजनकराजनेबतायाकिअस्पतालमेंचलरहीकोरोनाटेस्टिगमेंप्रशिक्षुओंकीअपेक्षामरीजोंकोज्यादाप्राथमिकतादीजारहीहैक्योंकिप्रशिक्षुइच्छासेटेस्टकरवानेपहुंचरहेहैंजबकिमरीजअधिकजरूरतमंदहैं।उन्होंनेकहाकिकोरोनाटेस्टिगकेलिएपर्याप्तमात्रामेंटेस्टिगकिटउपलब्धहैं।जिलाकेमुख्यचिकित्साअधिकारीकोभीआइजीएमसीकीओरसेकिट्सउपलब्धकरवाईजारहीहैं।

जगह-जगहटेस्टिगसेआइजीएमसीकाभारहोगाकम

आइजीएमसीमेंरोजाना400से500कोरोनाटेस्टहोतेहैं।ओपीडीकेअलावाशिमलाकेविभिन्नईलाकोंसेकोरोनाकेसैंपलआतेहैं।येसभीटेस्टआरटीपीसीआरतकनीकसेकिएजातेहैं।अधिकटेस्टिगकेकारणआइजीएमसीस्टाफपरकामकाअतरिक्तबोझपड़ताहै।यहबोझकमकरनेकेलिएजिलास्वास्थ्यविभागनेशहरमेंतीनजगहरैपिडएंटीजनतरीकेसेटेस्टिगकीतैयारकीहै।संजौलीमेंटेस्टिगशुरूकरदीगईहैजबकिबालूगंजऔरखलीनीमेंकियोस्कमशीनजल्दस्थापितहोगी।

By Doherty