जागरणसंवाददाता,कैथल:मानसगांवमेंसमस्याओंकाअंबारलगाहै।गांवकेलोगोंकोमूलभूतसुविधाएंभीनहींमिलरहीहै।गांवकीगलियोंमेंनतोसफाईकाप्रबंधहैंऔरनहीगंदेपानीकेनिकासीकीव्यवस्थाहै।कुछगलियोंमेंजलभरावहोनेकेकारणडायरिया,पीलियाजैसीबीमारीफैलनेकाखतराहोरहाहै।गांवकीगलियोंमेंजगह-जगहगंदापानीजमाहै।ग्रामीणोंकागांवकीगलियोंसेनिकलनामुश्किलहोरहाहै।गंदेपानीसेबदबूवमच्छरपनपरहेहै।सफाईनियमितनहींहोनेसेगलियोंऔरसड़कोंकेकिनारेगंदगीकेढेरलगेहैं।ग्रामीणोंनेबतायाकिगांवमानसजिलेकेबड़ेगांवोंमेंशुमारहै,जिसमेंदोपंचायतेंबनतीहैं।

आठहजारसेज्यादाआबादी

मानसगांवकीआबादीआठहजारसेज्यादाहै।कुलआबादीमेंसे75प्रतिशतग्रामीणशिक्षितहैं।इनमेंसेकरीबदोसेतीनप्रतिशतलोगसरकारीवनिजीक्षेत्रमेंअपनीसेवाएंदेरहेहैं।इतनासबहोनेकेबावजूदगांवकेलोगोंकोमूलभूतसुविधाओंकीदरकारहै।गांवकेवोट4500है।

नहींहोरहीमानसरोवरतीर्थकीसफाई:

गांवकेउत्तरमेंप्राचीनमानसरोवरतीर्थहै,जोपिछलेकाफीसमयसेगंदगीसेअटापड़ाहै।तीर्थकेपानीमेंजलखुंभीकाप्रकोपहै।काफीसमयसेग्रामीणइसकीसफाईकरवानेकीमांगकरतेहैं,लेकिनइसेसाफनहींकियाजारहा।जबकोईअधिकारीइसकीसुधनहींलेतेतोग्रामीणअपनेआपइसकीसफाईकरतेहैं।एकसमयथाजबलोगइसकेपानीकोदैनिककार्योंमेंइस्तेमालकरतेथे,लेकिनअबइसकापानीपशुओंकोनहलानेकेलायकभीनहींहै।

गंदगीसेभरीहोतीनालियां

गंदगीसेभरीहोतीनालियांगंदगीकेकारणगांवमेंबीमारियांफैलरहीहैं।सफाईकेलिएपर्याप्तकर्मचारीनहींहैं।नालियांगंदगीजमाहोनेकेकारणभरीरहतीहैं।बरसातीमौसममेंकईबारतोमुख्यसड़कतकपानीभरजाताहै।यहगांवकीसबसेबड़ीसमस्याहै,जिसकाप्रमुखतासेसमाधानकियाजानाचाहिए।

कराएजारहेविकासकार्य

गांवकीसरपंचरुपेशदेवीनेबतायाकिसभीसमस्याओंकेसमाधानकेप्रयासकिएजारहेहैं।ग्रामीणोंकेसहयोगसेगांवमेंविकासकार्यकरवाएजारहेहैं।

By Doherty