संवादसहयोगी,छिबरामऊ:आजकेसमयमेंमहिलाकिसीसेभीपीछेनहींहै।महिलाओंनेदुनियांमेंअपनीसफलताकीऐसीइबारतलिखदीहै,जिसकोयुगों-युगोंतकलोगयादकरेंगे।इन्हेंप्रेरणास्त्रोतमानकरउनकेदिखाएमार्गकाअनुसरणकरेंगे।इसलिएमहिलाओंकोइनकीकार्यशैलीकाअनुसरणकरतेहुएआत्मनिर्भरवस्वावलंबीबननेकीजरूरतहै।गुरुवारकोयहबातेंगुजरातकेपुनासेआईडा.मंजुलाबेननेअंतरराष्ट्रीयमहिलादिवसपरबौद्धबिहारबड़ेपुरमेंमहिलासशक्तीकरणआयोजितकार्यक्रममेंकहीं।

उन्होंनेकहाकिआजमहिलाएंबस,ट्रेनसेलेकरहवाईजहाजतकचलारहीहैं।फौजमेंनौकरीकरदेशकीसेवाकररहीहैं।इसकेअलावासमूहोंकीमददसेअपनेपरिवारकेअलावाकईपरिवारोंकाभरणपोषणभीकररहीहैं।लेकिनविश्वमेंऐसीमहिलाओंकेबीचअभीअपनेदेशकीमहिलाओंकीसंख्याकमहै।त्रिपुरासेआईभिक्षुणीपइयांवतीनेबतायाकिमहिलाएंजोठानलेतीहैं,उसेपूराकरलेतीहै।वहएकसाथदोघरोंकोसंभालतीहैं।इसलिएउन्हेंकिसीकेसहारेकीआवश्यकतानहींहै।उन्होंनेपंचशीलसिद्धांतकाभीव्याख्यानकिया।त्रिपुरासेआईभिक्षुणीसुंदरीनंदतानेबतायाकिमांबच्चेकीपहलीशिक्षिकाहोतीहै।वहबच्चेकोजैसीशिक्षादेतीहै,वैसाहीउसकाभविष्यबनताहै।मांकीभूमिकाजीवनमेंबेहदमहत्वपूर्णहै।अरुणांचलसेआईभिक्षुणीयशूवती,त्रिपुरासेआईधम्मादिन्नीएवंचक्कावतीनेभीअपनेविचारप्रस्तुतकिए।इससेपहलेगौतमबुद्धसांस्कृतिकस्थलअल्पसंख्यकफाउंडेशनट्रस्टकीओरसेसभीकास्वागतकियागया।सुजातागौतमीकेसंचालनमेंआयोजितकार्यक्रममेंअमितबौद्ध,संतोषप्रियबौद्ध,तीर्थराजबौद्ध,सुनीलबौद्ध,राजरतन,निर्मलाशाक्य,श्वेता,गोल्डी,शांतीदेवी,मुन्नीदेवी,रेशू,सुमन,आसमां,पूनम,प्रियंका,रेनू,हिना,मंजू,राखी,रामसखी,तनुशाक्यमौजूदरहीं।

By Farmer