जागरणसंवाददाता,कौशांबी:बेरोजगारमहिलाओंकोसमूहसेजोड़नेकेबादउन्हेंहुनरमंदबनाया।स्वरोजगारसेजोड़करतरक्कीकारास्तादिखानेवालीगीताशुक्लाकीजनसंख्यानियोजितकरनेमेंअहमभूमिकाहै।गांवकीमहिलाएंफलसंरक्षणकरहरमाहहजारोंरुपयेकमारहीहैंजिससेउनकीआर्थिकस्थितिभीमजबूतहोरहीहै।

विकासखंडसरसवांक्षेत्रकेपूरबशरीरागांवनिवासीगीतादेवीकापरिवारआíथकतंगीसेजूझरहाथा।पतिकीमौतकेबादजबबेटोंकासहाराछूटातोउन्होंनेआत्मनिर्भरहोनेकीठानी।गीतादेवीनेबतायाकितीनवर्षपूर्वउन्होंनेफलसंरक्षणकेलिएप्रशिक्षणप्राप्तकिया।इसकेबादगांवकी10महिलाओंकेसाथमिलकरवैष्णवीमहिलास्वयंसहायतासमूहकागठनकिया,जिसमेंगीताशुक्ला,ननकी,रामकल,ममता,आशा,किरनआदिमहिलाएंशामिलहैं।सरकारकीओरसहायतामिलनेकेबादसमूहकीसभीमहिलाएंस्वरोजगारसेजुड़चुकीहैं।चिप्स,जैम,जैली,आचार,मुरब्बाआदिबनाकरफलोंकासंरक्षणकरतीहैं।महिलाओंकीमानेंतोइसकारोबारसेउन्हेंअच्छीआमदनीहोरहीहै।अबघरबैठेकमारहीहैंहजारों

समूहकीमहिलाओंकाकहनाहैकिआलू,आम,आंवलाआदिफलोंकीखरीदारीकरकेअपनेघरपरहीसंरक्षितकरतीहैं।घरेलूकामनिपटानेकेबादचिप्स,जैम,जैली,आचार,मुरब्बाआदितैयारकरतीहैं।फिरउसकीपै¨कगकरबाजारमेंबेचतीहैं।इसकारोबारसेहरमाहकरीबआठहजाररुपयेकीआमदनीहोतीहै।गैरजनपदमेंभीहोतीहैबिक्री

समूहपूरबशरावांकीअध्यक्षगीताशुक्लानेबतायाकिसमूहकीओरसेबनायागयाचिप्स,जैम,जैली,आचार,मुरब्बाकीपै¨कगकराकरकौशांबी,फतेहपुर,वाराणसी,चित्रकूटजनपदमेंबिक्रीकीजातीहै।समूहकीमहिलाएंस्वरोजगारसेजुड़नेकेबादखुशहैं।

By Edwards