जितेंद्रसिंह,जमशेदपुर।सिस्टमकीबेरुखीनेखिलाड़ियोंकेसपनोंकेअसमयहीकालकेगालमेंपहुंचादिया।हालतयहहैकिकोईराष्ट्रीयखिलाड़ीहोटलमेंकामकररहाहैतोकोईखेतीकरनेकोमजबूरहै।कभीजमशेदपुरएफसीकीओरसेआइएसएलमेंखेलनेवालेगोरामार्डीआजखेतीकररहेहैं।पदकोंकाअंबारलगाचुकीराष्ट्रीयकबड्डीखिलाड़ीसोनारीस्थितएकदुकानमेंकामकरतीहै।बादलकरकेपिताझालमुड़ीबेचतेहैंऔरइसीआसमेंअपनेबेटेकोकबड्डीखिलारहेहैंकिकोईछोटीनौकरीलगजाए।

कपड़ेकीदुकानमेंकामकरनेकोमजबूरराष्ट्रीयखिलाड़ीश्वेतारजककोहीलीजिए।इसराष्ट्रीयखिलाड़ीकेपासपदकोंकाअंबारहै।मैदाननेसम्मानतोदिया,परसरकारनेनजरेंफेरली।नतीजा,दाने-दानेकोमोहताजयहखिलाड़ीआजसोनारीकेएककपड़ेदुकानमेंदिनभरकामकरतीहै।वहतोधन्यहोदुकानमालिकमूलचंदजैनका,जोशामहोनेसेपहलेउन्हेंयहकहकरछोड़देतेहैंकिजाओपहलेप्रैक्टिसकरनाजरूरीहै।वर्ष2013मेंकबड्डीकीशुरुआतकरनेवालेश्वेताकेबुजुर्गपितामहेंद्ररजकनिजीगार्डमेंकामकरतेहैं।चारबहनवएकभाईकापरिवारचलानामुश्किलथा।श्वेतानेकपड़ादुकानमेंकामकरनाशुरूकिया,ताकिपरिवारकोसहारामिलसके।इसखेलदिवसपरको-ऑपरेटिवकॉलेजसेग्रेजुएशनकीपढ़ाईकररहीश्वेताकीजीवटताकोसलामकीजिए,जिन्होंनेजिंदगीकीझंझावातोंकोचुनौतीदेतेहुएआजभीउसीजोशऔरजुनूनकेसाथकबड्डीकेमैदानपरडटीहुईहैऔरकिस्मतऔरसिस्टमसेलोहालेरहीहै।

होटलमेंकामकररहाकबड्डीखिलाड़ीबादलकर

बादलकरको2015मेंही17सालकीउम्रसेहीकबड्डीसेप्यारहोगया।तबउन्होंनेयहनहींसोचाथाकिजिसखेलनेउसेदीवानाबनादिया,उसीखेलकेकारणसिस्टमकीबेरुखीउनपरभारीपड़ेगी।आजबादलकरकागलनगरकेएकहोटलमेंकामकरनेमजबूरहैं।होटलसेसातसेआठहजाररुपयेकीकमाईहोतीहै।किसीतरहघर-परिवारचलताहै।पिताशंकरकरस्कूलोंमेंझालमुड़ीबेचतेहैं।उनकीउम्र60वर्षसेअधिकहै।बादलतीनभायीवएकबहनहैऔरपरिवारचलानामुश्किलहोताहै।दोसीनियरनेशनलवईस्टजोनकबड्डीचैंपियनशिपमेंदेशकाप्रतिनिधित्वकरनेवालेबादलकरकोअभीतकपुरस्कारराशितोछोड़दीजिए,राज्यसरकारकीओरसेसम्मानभीनहींमिला।सोनारीकेगुरजातसंघमेंअभ्यासकरनेवालेबादलकरकोसुशीलसरनेकबड्डीकेमैदानसेपरिचयकरायाथा।पिताइसीआशामेंअपनेबेटेकोखेलकेमैदानपरभेजाकरतेथे,बेटाखेलेगातोनवाबबनजाएगा।पापाकानामरोशनकरेगा।बादलनेसपनोंकापंखलगामैदानपरतोखून-पसीनाबहाया,लेकिनसिस्टमहीबेरुखीउसकेसपनोंपरभारीपड़गया।सरकारनेआश्वासनदियाथाकिजोभीखिलाड़ीपदकजीतेगाउसेप्रोत्साहनराशिकेसाथ-साथनौकरीभीमिलेगी।आजपांचसालसेज्यादाहोगए,इसखिलाड़ीकोअभीतकनातोमायामिलीनाराम।लेकिनखेलकेप्रतिउनकाजुनूनआजभीउन्हेंमैदानपरखींचकरलेहीआताहै।

तीर-धनुषखरीदनेकोनहींथेपैसे,फिरभीहिम्मतनहींहारी

ग्वालाबस्तीकीरहनेवालीप्रीतिकुमारीकभीतीर-धनुषकंधेपरलटकाएसपनोंकापंखलगाकरमैदानपरउतरीथी।लेकिनसपनेउससमयचूर-चूरहोगए,जबतीर-कमानखरीदनेकेलिएफूटीकौड़ीतकनहींथी।पितासुदामावर्मामैकेनिकहैं।जाहिरहै,परिवारचलानामुश्किलहोरहाथा।ऐसेमेंअसमयहीप्रीतिकासपनाकालकेगालमेंसमागया।रिकर्वतीरंदाजीकाएकपूरासेटखरीदनेमेंकमसेकमचारलाखरुपयेखर्चहोतेहैं।एकमध्यमवर्गीयपरिवारकेलिएयहराशिबहुतबड़ीहोतीहै।कईबारसरकारकेपासभीमिन्नतेंलेकरगईकिउसेकुछसहायताराशिमिलजाए,लेकिनहरदरवाजेपरउन्हेंनिराशाहीहाथलगी।इसकेबावजूदवहहिम्मतनहींहारी।ग्रेजुएटकॉलेजसेस्नातकोत्तरकीपढ़ाईपूरीकरनेकेबादप्रीतिनेभुवनेश्वरसेएनआइएसकाकोर्सकिया।अबवहकहतीहैं,मैंनेजोसपनापूरानहींकरसकी,वहकमसेकमकोचबनकरदूसरोंकेसपनोंकोपंखदेसकूं।प्रीति2017मेंटाटाकॉलेजचाईबासामेंआयोजितइंटरकॉलेजचैंपियनिशपमेंतीनस्वर्णजीतीथी।इसकेअलावाऑलइंडियायूनिवर्सिटीगेम्समेंदोबारभागभीलेचुकीहै।जेआरडीटाटास्पोर्ट्सकांप्लेक्समेंआयोजितनेशनलचैंपियनशिपमेंकांस्यपदकअपनेनामकरचुकीहै।वहतीनराष्ट्रीयचैंपियनशिपमेंराज्यकाप्रतिनिधित्वकरचुकीहैं।

सिस्टमकादंशसेजूझरहावॉलीबॉलखिलाड़ीदीपू

वॉलीबॉलखिलाड़ीदीपूकुमारमात्र19सालकेहैं।बारीगोड़ाकारहनेवालायहखिलाड़ीआजवॉलीबॉलकीदुनियाकाउभरतासिताराहै।पिताकाबारीगोड़ामेंछोटीदुकानहै।दीपूकोनवींक्लाससेहीवॉलीबॉलसेप्यारहोगया।चारबारराष्ट्रीयवॉलीबॉलचैंपियनशिपमेंझारखंडकानामरोशनकरनेवालेइसखिलाड़ीकोअभीतकनातोप्रोत्साहनमिलाऔरनाहीसम्मान।वहकहतेहैं,खेलोंमेंराजनीतिबहुतहै।दूसरेराज्योंकेखिलाड़ियोंकोराज्यसरकारजोसुविधादेतीहै,उसेदेखकरस्वाभाविकतौरपरजलनहोतीहै।नेशनलचैंपियनशिपमेंखेलनेजाओतबपताचलताहैकिहमारेराज्यमेंकिसतरहकीसुविधाहैऔरपंजाब-हरियाणाजैसेराज्योंकेखिलाड़ीक्योंबेहतरप्रदर्शनकरपातेहैं।हमारेराज्यमेंप्रतिभाओंकीकमीनहींहै।अगरसिस्टमदुरुस्तहोजाएतोफिरहमभीअंतरराष्ट्रीयफलकपरअमिटछापछोड़पाएंगे।आजतीरंदाजीकीदुनियामेंझारखंडकीअलगपहचानहै,क्योंकिटाटास्टीलखिलाड़ियोंकोहरतरहकीसुविधादेतीहै।जबएकनिजीकंपनीखिलाड़ियोंकोसुविधाप्रदानकरसकतीहैतोराज्यसरकारक्योंनहीं।उनकेपासपूरासरकारीअमलाहै।बसइच्छाशक्तिकीकमीहै।दीपू2017मेंकर्नाटकमेंआयोजितजूनियरनेशनलचैंपियनशिपतथा2019मेंराजस्थानमेंआयोजितयूथनेशनलवॉलीबॉलचैंपियनशिपमेंराज्यकाप्रतिनिधित्वकरचुकेहैं।