प्रतापगढ़:कोरोनामहामारीकेचलतेलगभगनौमहीनेसेप्राइवेटस्कूलोंमेंतालेबंदहैं।उसमेशिक्षणकार्यकरनेशिक्षकोंवकर्मियोंकेसामनेपरिवारकोचलानेकासंकटखड़ाहोगयाहै।सरकारप्राइवेटस्कूलोंकीमेहनतकेकारणशिक्षामेंगुणात्मकसुधारवप्रगतिकादावाकरअपनीपीठथपथपानेसेनहींचूकती,लेकिनइनप्राइवेटअध्यापकोंकेबारेमेंसरकारमौनहै।शिक्षकसंगठनोंकीमांगकोभीसरकारनेअनसुनाकरदिया।

कोरोनामहामारीकेचलतेलगभगनौमहीनेसेप्राइवेटस्कूलोंमेंतालेबंदहोनेसेउसमेंशिक्षणकार्यकरनेवालेशिक्षकोंवकर्मियोंकेसामनेपरिवारकोचलानेकासंकटखड़ाहोगयाहै।कोरोनामहामारीकेचलतेलॉकडाउनहोनेसेलोगअपने-अपनेघरोंमेंकैदहोनेकोमजबूरहोगए।शिक्षाकेक्षेत्रमेंइसकासर्वाधिकअसरपड़ा।इसीबीचप्राइवेटस्कूलोंमेंकार्यरतशिक्षकोंकोविद्यालयकेप्रबंधकोंद्वारावेतनदेपानाअसंभवहोगया।शिक्षकोंकीमांगपरप्रबंधनकाकहनाथाकिजबविद्यालयोंमेंबच्चोंकीउपस्थितिहोगीऔरउनकीफीसजमाहोगी,तभीशिक्षकोंकोवेतननहींमिलपाएगा।ऐसेमेंइनशिक्षकोंकेसमक्षभुखमरीकीसमस्यापैदाहोगई।माध्यमिकशिक्षकसंघकेजिलाध्यक्षत्रिलोचनसिंहनेसरकारसेइनशिक्षकोंकेभरणपोषणकेलिएसहायतादेनेकीमांगकी।इसकेबावजूदसरकारनेध्याननहींदिया।

शिक्षाकीराहछोड़तलाशलियादूसराविकल्प

प्रतापगढ़:कईशिक्षकोंनेवेतननामिलनेपरस्कूलप्रबंधनकोअपनात्यागपत्रसौंपदिया।कुछनेअपनीपरंपरागतकृषिकोअपनाव्यवसायबनालिया,कइयोंनेनईराहचुनींऔरउसीकेमाध्यमसेअपनेभविष्यबनानेमेंलगगए।पेशहैऐसेशिक्षकोंसेजागरणकीबातचीतकेअंशकोरोनाकालकेसमयसेस्कूलकॉलेजबंदचलरहेहैं।ऐसेमेंस्कूलसेजोकुछमिलताथा,वहभीबंदहोगयाहै।जबबच्चेस्कूलहीनहींआरहेहैंतोमानदेयकैसेमिलेगा।इन्हींसबअव्यवस्थाओंकोलेकरशिक्षणकार्यकेस्थानपरअबपिताकेद्वाराकृषिकार्यमेंहाथबटारहाहूं।

-अजयमिश्रा,शिवबोझकोरोनामहामारीसेभयभीतअभिभावकअपनेपाल्योंकोस्कूलभेजनेमेंसहमतनहीहैं।ऐसेमेंस्कूलबंदहैंतोजीविकोपार्जनकीमुसीबतसामनेआगईहै।अन्यकामकीतलाशकरनापड़रहाहै,जिससेहमशिक्षकबेरोजगारहोगएहैं।अभीतककोईनयाकामनहींमिलसकाहै।

संतोषपांडेय,चंदापुरपोस्टग्रेजुएशनकेबादप्राइवेटस्कूलमेंअध्यापनकाकार्यमिलनेसेपरिवारकाखर्चचलरहाथा।कोरोनामहामारीनेतोहमारीअर्थव्यवस्थाहीचौपटकरदी।बेकारहोजानेकेबादअबपाईपाईकेमोहताजहोजानापड़ा।पढ़ने-लिखनेकेबादशिक्षणकार्यकईवर्षोंसेकरताचलारहाहूं।अबबेरोजगारहोचुकाहूं।

नीरजपुष्पाकर,कीर्तिपुरकोरोनामहामारीकाअसरअभीभीकमहोनेकोनहींहै।शैक्षिकसत्रबीतनेवालाहै,स्कूलखुलनेकेकोईआसारनहींदिखरहेहैं।कहींबाहरभीरोजगारकेआसारनहींदिखरहेहैं।नौमहीनेसेपरिवारचलानामुश्किलहोगयाहै।कोईअन्यकार्यभीयहांगांवमेंनहींमिलपारहाहै।

महेशमिश्र,रघवापुर