संवादसूत्र,कपकोट:संजीवनीविकासएवंजनकल्याणसमितिनेरेशमकीटपालनकीबारीकियांकिसानोंकोबताई।मणिपुरीबाजकेपौधरोपितकरकीटपालनकरनेकोशिविरआयोजितकिया।महिलाओंकोमणिपुरीबाजकेबारेमेंजानकारीप्रदानकीऔरपर्यावरण,भूमिकटावकेसाथजलस्त्रोतोंकोरिचार्जकरनेकेलिएबेहतरकामकरनेकासंकल्पदिलाया।कपकोटतहसीलकेतिमलाबगड़विद्यालयपरिसरमेंआयोजितकार्यक्रममेंकार्यदायीसंस्थाकेप्रशिक्षकसुधीरनेबतायाकिगुलेर,तिमलाबगड़,मल्लादेश,फरसालीवल्ली,चेटाबगड़,धन्याड़,सुखचैनाआदिगांवोंमेंमणिपुरीबाजलगायाजारहाहे।मणिपुरीबाजउत्तराखंडीबाजकीतुलनामेंतीनगुनाअधिकबढ़ताहै।पत्तीमुलायमऔरचौड़ीहोतीहै।पौधाछोटाहोकरभीअधिकपत्तियांदेताहै।पर्यावरणकेलिएभीयहकाफीअच्छाहै।इससेभूमिकटावकेसाथजलस्त्रोतभीरीचार्जहोंगे।भविष्यमेंइनपौधोंमेंरेशमकीटपालनकाकार्यकियाजासकताहै।उन्होंनेकहाकिमनरेगाकीमददसेचयनितग्रामीणक्षेत्रोंमेंकिसानअपनीभूमि,वनपंचायत,जंगलआदिमेंबाजकापौधारोपितकियाजारहाहै।किसानोंकोपौधारोपणऔरपेड़केरखरखावकाप्रशिक्षणदियागयाहै।उन्होंनेकहाकिरेशमकीटपालकरकिसानअपनीआयबढ़ासकतेहैं।कृषिआधारितग्रामीणकुटीरउद्योगकेरूपमेंकीटपालनकरसकतेहैं।45-50दिनमेंरेशमकीटपालनहोताहै।लगभग10से20हजाररुपयेकीआयअíजतहोसकतीहै।विषयकेजानकारोंनेकिसानोंकोककूनसेबीजउत्पादन,धागातैयारकरनाआदिकीभीजानकारीप्रदानकी।उन्होंनेकहाकिउच्चहिमालयक्षेत्रकेगांवोंमेंमई-जूनमेंखखू,मोरूकेपत्तोंपरकीटपालनकियाजाताहै।इसमौकेपरपानुलीदेवी,कमलादेवी,विमलादेवी,मोहनसिंह,सुंदरसिंहआदिमौजूदथे।

By Elliott