जागरणसंवाददाता,रेवाड़ी:

नयाशैक्षणिकसत्रआरंभहोनेमेंभलेअभीतीनमाहकासमयबचाहैलेकिनस्कूलोंमेंतैयारियांआरंभहोगईंहैं।विभिन्नप्रकारकेनिजीप्रकाशकोंकेप्रतिनिधिनिजीस्कूलोंमेंपहुंचरहेहैंवहींकईस्कूलोंमेंकिताबेंपहुंचनेभीशुरूहोगएहैं।अभिभावकोंपरअपनेबच्चोंकीदाखिलाऔरफीसकेसाथनएशैक्षणिकसत्रमेंकिताबऔरकापियोंकेलिएअतिरिक्तआर्थिकबोझबढ़ेगा।शिक्षाविभागइसपरअंकुशलगानेमेंअभीतकनाकामहीसाबितहोरहाहै।निजीस्कूलसंचालकोंकातर्कहैकिसरकारराष्ट्रीयशैक्षिकअनुसंधानऔरप्रशिक्षणपरिषद(एनसीइआरटी)याराज्यशैक्षिकअनुसंधानऔरप्रशिक्षणपरिषद(एससीइआरटी)कीकिताबेंउपलब्धकरानेमेंसक्षमनहींहै।इसकेअलावासमयपरइनकीकिताबेंनहींमिलनेकेकारणविद्यार्थियोंकीपढ़ाईप्रभावितहोतीहै।कुछस्कूलमुखियाओंकाकहनाहैकिसरकारद्वाराउपलब्धकराईकिताबोंज्ञानबढ़ानेकेलिएपर्याप्तनहींहै।

किसीभीस्कूलमेंनिजीप्रकाशकोंकीकिताबेंस्टॉककरनेकीइजाजतनहींहै।एकस्कूलकीकिसीएकहीदुकानसेकिताबेंखरीदनेकेलिएअभिभावकोंपरदबावनहींडालाजासकता।इसबारेमेंजल्दहीसभीखंडमौलिकऔरखंडशिक्षाअधिकारियोंकोअपनेअपनेक्षेत्रमेंजांचकरनेकेलिएलिखाजाएगा।किताबोंकेनामपरमनमानीकरनेवालेनिजीस्कूलसंचालकोंपरभीसख्तीकीजाएगी।

सुरेशकुमारगोरिया,जिलामौलिकशिक्षाअधिकारी

निजीस्कूलसंचालकअभिभावकोंपरअनावश्यकदबावडालनेकेपक्षमेंनहींहैलेकिनसरकारकभीभीसमयपरकिताबेंउपलब्धनहींकरापाईहै।कुछस्कूलहोंगेजोअपनेस्कूलमेंकिताबोंकास्टॉकपहलेसेहीएकत्रितकरलेतेहैं।यदिसरकारमांगकेअनुरूपऔरसमयपरकिताबेंउपलब्धकरातीहैतोकोईभीनिजीप्रकाशकोंकीकिताबेंखरीदनेकेलिएदबावनहींडालसकेगा।

डॉ.सूर्यकमल,प्रधान,प्राइवेटस्कूलवैलफेयरएसोसिएशनरेवाड़ी