प्रदीपतिवारी,बहराइच:जिलाअस्पतालकेभू-संपतियोंसेजुड़ेअभिलेखगायबहैं।दशकोंपूर्वखरीदेगएमहंगेउपकरणोंकेअभिलेखभीकार्यालयमेंढूंढेनहींमिलरहेहैं।महानिदेशकचिकित्साशिक्षावप्रशिक्षणकीओरसेचल-अचलपरिसंपतियोंकेमांगेगएब्यौरेपरइसकाराजफाशहुआहै।आखिरअभिलेखकहांगए,इसकोलेकरअधिकारियोंकेपासभीकोईजवाबनहींहै।

जिलाअस्पतालकानिर्माणवर्ष1958मेंशुरूहोकरवर्ष1962मेंपूराहुआथा।लगभग22एकड़परिक्षेत्रमें400बेडकाजिलाअस्पताल,सीएमओकार्यालय,चतुर्थश्रेणीकर्मचारीवअधिकारीआवाससमेतकईभवनबनाएगएथे,लेकिनइनभवनोंसेजुड़ेअभिलेखस्वास्थ्यविभागकेकार्यालयमेंमौजूदनहींहैं।यहीनहींपैथालॉजी,रक्तकोष,जनरेटर,इलेक्ट्रिकपैनलसमेतकईमहंगेउपकरणोंकेखरीद-फरोख्तसेजुड़ेरिकार्डभीनहींमिलरहेहै।जल्दहीमेडिकलकॉलेजकासंचालनहोनाहै।शासननेजिलापुरुषवमहिलाअस्पतालकीचलअचलपरिसंपतियोंकाअभिलेखीयसाक्ष्यमांगाहै,जिससेसंपतियोंसेजुड़ीऔपचारिकताओंकोसमयबद्धपूराकियाजासके।इनकेनहींमिलेअभिलेखमहानिदेशककोभेजीगईरिपोर्टमेंपुरुष,महिलाचिकित्सालयमुख्यभवन,सीएमओकार्यालय,आवास,टाइपवन,टूपुरानेआवास,टीबीक्लीनिक,अचलप्रशिक्षणकेंद्र,ड्राइवरड्यूटीरूम,नर्सेजहॉस्टल,चिकित्साधिकारीआवास,चिल्ड्रेनवार्डकेअभिलेखनहोनेकीपुष्टिकीगईहै।तोदीमकचटकरगएअभिलेख

भू-संपतियोंसेजुड़ेअभिलेखोंकीसुरक्षाकोलेकरजिम्मेदारभीसजगनहींरहे।इसकेचलतेअभिलेखदीपकचटकरगए।कुछपुरानेअभिलेखहाथलगे,लेकिनवेपूरीतरहसेनष्टहोचुकेहैं।

महानिदेशककोचलअचलसंपतियोंसेजुड़ेअभिलेखउपलब्धकरादिएगएहैं।पुरानेपरिसंपतियोंकेअभिलेखनहींमिलेहैं।सीएमएससेजानकारीलीजाएगी।डॉ.रतनकुमार,अपरनिदेशक,परिवारकल्याण,देवीपाटनमंडल

By Dyer