जागरणसंवाददाता,बांदा:सूरजकीतल्खकिरणें,प्राकृतिकसंसाधनोंसेखिलवाड़औरअधिकाधिकदोहननेकेननदीकोटूटनेपरमजबूरकरदियाहै।लाखोंलोगोंकीजननीकहीजानेवालीकेनआजसिमटचुकीहै।कल-कलबहनेवालीइसनदीकापानीठहरगयाहै।नदीका95फीसदपाटरेतीलाहोगयाहै।अतिशयोक्तिनहींहोगीकियदिकहाजाएकिअबसूखेपड़ेपाटरेतीलीसड़कोंकारूपलेचुकेहैं।

मध्यप्रदेशकेकटनीजिलेसेनिकलकर427किलोमीटरकासफरतयकरबांदाकेचिल्लास्थितयमुनानदीमेंजाकरमिलजातीहै।केननदीकेकिनारेसैकड़ोंछोटेबड़ेधार्मिकस्थलस्थापितहैं।सांस्कृतिकऔरऐतिहासिकविरासतेंभीइसनदीकेतटपरहैं।यहनदीपुरातत्वकी²ष्टिसेबेहदअहममानीगईहै।बुंदेलखंडकीयहवृहदनदीबुंदेलखंडकीजीवनरेखाहै।बड़ीसंख्यामेंलोगतटवर्तीइलाकोंमेंसब्जियांउगातेहैं।वहींमौरंगऔरपत्थरोंकेजरिएकईजिलोंकेनिर्माणकार्यकोगतिमिलतीहैं।इनसबकेबावजूदअधाधुंधप्राकृतिकदोहनऔरजलसंरक्षणनहोनेसेनदीविलुप्तसीहोतीजारहीहै।केननदीकाजलस्तरघटनेकाअसरआसपासरहनेवालेलोगोंपरपड़रहाहै।¨सचाईसुविधाओंकाअभावहै।अपनेपाटकोछोड़करनदीएकनालीमेंतब्दीलहोचुकीहै।पिछलेदिनोंएकसंस्थाकेदोलोगोंनेनदीकीपैदलयात्राकीथी।जिसमेंउन्होंनेकहाथाकिकेननदीकीजलधारा24स्थानोंपरटूटचुकीहै।पानीनहोनेसेलोगोंकोपर्याप्तपेयजलनहींउपलब्धहोपारहाहै।बड़ेभू-भागमेंरेतकीस्थितियहहैकिलोगअपनेवाहनोंकोआसानीसेएकसेदूसरेगांवतकलेजासकतेहैं।कईकटरीकेगांवोंकेयुवाओंकेलिएरेतखेलकामैदानबनचुकाहै।

अबनहींचेतेतोकब

केननदीकीभयावहस्थितिकेबावजूदनहींचेतेतोस्थितिहमारेलिएबेहतरनहींहोगी।हमाराकलहमेंखुदधिक्कारेगा।समस्याएंजन्मलेंगी,जिनसेनिपटनामुश्किलहोगा।सरकारीप्रयासोंकेसाथखुदकोसमझनाऔरनदीकोबचानेकेलिएप्रयासकरनेहोंगे।

यहहैकेननदीकीस्थिति

उद्गमस्थल-कटनी(मध्यप्रदेश)

केनकीप्राचीनधरोहर-भूरागढ़किला(बांदा),रनगढ़किला(बांदा),गिरवांकिला(बांदा),रामगढ़किला(पन्ना),अजीतपुर(छतरपुर),बहिरासर(पवईपन्ना),मढ़ादेवरी(कटनी)।

केननदीकीसहायकनदियां-अलौनी,गुरने,मिडहासन,पत्ने,सोनार,सयामरी,बन्ने,खुडर,कुटने,उर्मिल,कैलआदि।यहहैकेनकास्तर

वर्षजलस्तर(मीटरमें)